# TEK TRAVELS PRIVATE LIMITED vs GURSAHIB SINGH SETHI & ORS.

Court: Delhi High Court
Date: 2025-01-10
Citation: CS(COMM)-440/2021 2025:DHC:96
Petitioner: TEK TRAVELS PRIVATE LIMITED
Respondent: GURSAHIB SINGH SETHI & ORS.

[Official PDF on Delhi High Court website](https://delhihighcourt.nic.in/app/showFilehindiJudgment/BI_59310012025SC4402021_205346.pdf)

## Judgment text (excerpt)

2025:DHC:96 द ल उ च यायालय : नई द ल नणय क त थ: 10.01.2025 स.वा. (वा ण.) 440/2021 CS (COMM) 440/2021 टे क ेव स ाइवेट ल मटे ड ......वाद वारा: ी आयुष केवलानी और सु ी मुशन अ वाल, अ धव ता बनाम गुरसा हब संह सेठ और अ य ...... तवाद गण वारा: ी अ भनव शमा के साथ सु ी अवसी म लक और ी द पक जैन, त.-1 और त.-3 के अ धव तागण । ी स धथ बंभा और सु ी सच ु ा गग, त-2 के अ धव तागण कोरमः माननीय यायमू त ी वकास महाजन नणय या. वकास महाजन स.वा. (वा ण.) 440/2021 पृ ठ सं. 1 2025:DHC:96 अंत.आ. 15819/2024 ( तवाद सं या 1 और 3 वारा धारा 151 सीपीसी के साथ प ठत आदे श IX नयम 7 के अंतगत दनांक 04.11.2022 के आदे श को वापस लेने हे तु दायर कया गया) 1. वतमान आवेदन तवाद सं या 1 और 3 (आगे ‘ तवाद गण’ कहा जाएगा) वारा दायर कया गया है, िजसम दनांक 04.11.2022 को इस यायालय वारा पा रत आदे श को वापस लेने क मांग क गई है , िजसके तहत उ त तवा दय के व ध एकप ीय कायवाह क गई थी। 2. तवा दय यह मानना यह है, और इस संबंध म तवा दय क ओर से उपि थत अ धव ता ी अ भनव शमा ने यह तक दया है क दनांक 04.11.2012 के आदे श वारा तवा दय के व ध एकप ीय कायवाह (ex parte) क गई थी, जो क उनके पूव अ धव ता के लापरवाह आचरण के कारण हुआ। अतः इसके लए तवा दय को क ट नह ं उठाना चा हए। उनका कहना है क आवेदक/ तवाद दोषी नह ं थे। 3. अपनी तु त के बारे म व तार से बताते हुए, ी शमा तुत करते ह

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